कुछ तस्वीरों ने उड़ा दिए वैज्ञानिक के होश।

कुछ ऐसी तस्वीरे जिसने वैज्ञानिको के होश उड़ा दिए ।

पिकनिक की फोटो- ऑस्ट्रेलिया का एक शख्स अपने परिवार के साथ पिकनिक मनाने समंदर के किनारे गया था। उसने अपने परिवार की कई तस्वीरें भी ली थीं लेकिन अचानक उसकी तस्वीर में कुछ ऐसा कैद हुआ, जिसने पूरी दुनिया में एक बहस छेड़ दी। आज भी वो तस्वीर दुनिया के तमाम वैज्ञानिकों के लिए एक रहस्य हैं।

ये एक ऐसा रहस्य है, जो शायद आपको एक मजाक लगे लेकिन ऐसा है नहीं। ये रहस्य है नॉर्वे का है यानी दुनिया के उत्तरी ध्रुव का जहां कुछ बरस पहले आसमान में एक रोशनी दिखाई दी थी। लोगों ने उस रहस्यमयी रोशनी की तस्वीर खींचीं उसके वीडियो शूट किए और यकीन मानिए जब वो वीडियो वैज्ञानिकों के पास पहुंचे, तो उन्हें देखना वाला हर शख्स हिल गया।

आसमान में अचानक एक रोशनी दिखाई दी। लोगों को लगा कि ये कोई मिसाइल परीक्षण होगा लेकिन वहां ऐसा कुछ भी नहीं हुआ। दूर आसमान में लोगों को ये रोशनी रोज दिखाई देने लगी। ये सबकुछ वहां हफ्ते में 15 से 20 बार होता था और जल्द ही सैलानियों की भीड़ जुटने लोग अपने कैमरे से उस रोशनी की तस्वीरें लेने लगे।

शोध में पता चला कि नॉर्वे में ये सबकुछ 1930 से होता आ रहा है। ये रोशनी एक पिरामिड के आकार की थी और करीब 25 हजार मील प्रति घंटे की गति से चल रही थी यानी दुनिया के सबसे तेज विमान से भी कहीं ज्यादा की रफ्तार। शुरुआत में वैज्ञानिकों को लगा कि ये दूर आसमान में रूस अपनी मिसाइलों का परीक्षण कर रहा है लेकिन रूस ने ऐसे किसी भी परीक्षण से इंकार किया और ये रोशनी एक बहुत बड़ा रहस्य बन गईं।

कई वैज्ञानिकों ने इस रोशनी के पीछे यूएफओ यानी उड़नतश्तरियों की मौजूदगी का तर्क दिया लेकिन सवाल ये था कि अगर वाकई ये दूसरी दुनिया के लोग थे, तो सिर्फ यहीं क्यों दिखाई देते थे। इस रहस्य का पता लगाने के लिए अमेरिका, इटली, रूस जैसे कई देशों के वैज्ञानिकों ने पूरा रोज लगाया लेकिन बरसों बाद भी उस रोशनी का रहस्य कायम है।

महामानव

 आपने अक्सर महामानव को फिल्मों में देखा होगा और सोचा होगा कि ये एक काल्पनिक किरदार है। लेकिन शायद आप नहीं जानते कि दुनिया में आज भी महामानव की तलाश की जा रही है जिसे फिल्मों में दिखाया जाता रहा, वो सिर्फ किसी की कल्पना नहीं है। बल्कि अमेरिका समेत कई देशों में इस महामानव की तलाश के लिए रिसर्च ऑर्गनाइजेशन मौजूद हैं।

दरअसल ये तलाश शुरु हुई थी आज से करीब 50 साल पहले जब अमेरिका में पहली बार किसी महामानव की तस्वीर एक कैद हुई। कैलिफोर्निया के पास इन घने जंगलों में हजारो सैलानी आते हैं। यहां वो जंगली जीवों को देखते हैं उनकी तस्वीरें खींचते हैं। 1967 में अमेरिका के दो दोस्त भी इन जंगलों में घूम रहे थे लेकिन तभी उन्हें कुछ दिखाई दिया जिसे देखकर उनके होश उड़ गए। उन्होंने फौरन कैमरा निकाला और कुछ तस्वीरें लीं।

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ये कोई जानवर नहीं था बल्कि एक ऐसा जीव था, जो इंसानों की तरह दिखता था जिसकी लंबाई 10 फीट के आसपास थी। वो किसी महामानव की तरह दिखता था। वो दोनों जबतक आगे बढ़े तबतक वो विशालकाय जीव जा चुका था, मगर उसके निशान जमीन पर मौजूद थे। उसके पैरों के निशान 24 इंच लंबे और 8 इंच चौड़े थे।

ये खबर आग की तरह अमेरिका में फैल गई। तमाम अखबारों की सुर्खियां में उसे बिगफुट का नाम दिया गया और उन जंगलों में उस महामानव की तलाश शुरु हो गई। अमेरिका के बड़े बड़े वैज्ञानिक भी नहीं समझ पाए, कि तस्वीर में दिखाई दिया वो शख्स कौन था। पैरों के ये विशालकाय निशान किसके थे। कई लोगों ने इसे सिर्फ एक मजाक समझा लेकिन वैज्ञानिकों के लिए ये मजाक नहीं था बल्कि एक बहुत बड़ा रहस्य था।अमेरिकी राष्ट्रपति जॉन एफ कैनेडी की हत्या आज भी है रहस्य

अमेरिकी राष्ट्रपति जॉन एफ कैनेडी की सरेआम हत्या में दिखे संदिग्ध- आज से करीब 52 साल पहले अमेरिका के राष्ट्रपति जॉन एफ कैनेडी की सरेआम हत्या कर दी गई थी। उस वक्त वहां हजारों लोग मौजूद थे। तस्वीरें ली जा रहीं थीं और वीडियो शूट हो रहे थे। लोगों में अफरातरफी मच हुई थी लेकिन हत्या के बाद जब वो तस्वीरें देखी गईं, तो उनमें दो बेहद हैरान करने वाले चेहरे थे। ये दोनों आज भी अमेरिका के लिए एक बहुत बड़ा रहस्य हैं। पहला रहस्य था तस्वीरों में दिखने वाला एक शख्स जो कई तस्वीरें में काले छाते के साथ दिखाई दे रहा था जिसे ब्लैक अमबरैला का नाम दिया गया।

तस्वीरों के मुताबिक ये शख्स हाथों में छाता लिए दिखाई दे रहा था। कहा जाता है कि ये जिस वक्त कैनेडी की कार इसके बगल से निकली। उस वक्त इस शख्स ने अपनी छतरी को घुमाना शुरु कर दिया था। अमेरिकी खुफिया एजेंसियों को अंदेशा था कि शायद यही शख्स हमलावरों को सिग्नल दे रहा था। एक थ्योरी ये भी है कि इसी शख्स ने छतरी में बंदूक छिपाई थी और यही रहस्मयी शख्स कैनेडी की हत्यारा था।

उस दौरान ली गई तस्वीरों में एक महिला भी ओवरकोट पहने दिखाई दी। इस महिला ने एक कपड़े से अपना सिर ढंका हुआ था। हत्या की पूरी वारदात के दौरान ये रहस्यमयी औरत कई तस्वीरों में दिखाई देती रही। एक तस्वीर में देखा गया कि ये महिला हत्या के वक्त कैनेडी के बेहद करीब थी और ऐसा लग रहा था कि वो अपने कैमरे से कुछ तस्वीरें ले रही थी। इस हत्या के बाद हर तरफ भगदड़ शुरु हुई लेकिन ये महिला बेहद इत्मिनान से चहल-कदमी करती रही।

एक तस्वीर ऐसी भी थी जिसमें कैनेडी की हत्या के बाद ये महिला किसी शख्स से बातचीत कर रही है। कैनेडी की हत्या की जांच के दौरान अमेरिकी जांच एजेंसी एफबीआई को भी इस महिला की तस्वीरों ने हैरान कर दिया। अमेरिका में एक महिला की पहचान की ये लिए कई इश्तेहार दिए गए। जांच एजेंसियों को लगा कि अगर इस महिला ने कोई वीडियो शूट किया है, तो तस्वीरें कैनेडी की हत्या का बड़ा सुराग दे सकती हैं। लेकिन तमाम कोशिशों के बाद भी उस महिला की पहचान नहीं हो पाई।

1970 में Beverly Oliver नाम की एक महिला दुनिया के सामने आई और उसने दावा किया कि वही वो रहस्यमयी महिला है, जो कैनेडी की हत्या की तस्वीरें ले रही थी। मगर उसका दावा था कि हत्या के बाद उसे एक शख्स मिला जो खुद के एफबीआई एजेंट होने का दावा कर रहा था और उसी ने वो कैमरा रख लिया। हालांकि एफबीआई के पास आज भी इस महिला के दावे के कोई सबूत नहीं हैं और वो महिला आज भी एक रहस्य है।

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